| अन्तरजाल पर साहित्य प्रेमियों की विश्राम स्थली |
![]() |
मुख्य पृष्ठ |
| 12.30.2008 |
|
आया नव वर्ष आया |
|
आया नव वर्ष, आया आपके द्वार बीते बरस की बातों को, दे बिसार आओ, कुछ नया संकल्प करें यार अपने घर, समाज, और देश से करें प्यार आप सबको, है विजय का प्यारा सा नमस्कार |
|
|
| अपनी प्रतिक्रिया लेखक को भेजें
|