उत्तम टेकड़ीवाल

कविता
चाय
डिब्बे में ज़िन्दगी
तुम मेरी कविता
तेरी बातों में
बँटवारा
मृत्यु
मैंने देखा है तुम्हें
हीरा है सदा के लिए