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05.03.2012
 

सफाई
शरद तैलंग


एक लम्बे अर्से के बाद जब मंत्री जी की कार तथा पीछे पीछे धूल उड़ातीं कुछ जीपों ने जैसे ही एक गाँव में प्रवेश किया, गाँव के बच्चे मंत्री जी की कार को घेर कर खड़े हो गये। एक मनचले ने जब कार के शीशे पर जमीं हुई धूल देखी तो अपनी अंगुली से उस पर कुछ लिखने लगा। एकाएक एक सुरक्षाकर्मी की दृष्टी एस बालक पर पड़ी। सुरक्षाकर्मी ने उस बालक को दो चार चाँटे जड़ दिये। मंत्री जी की कार को गंदा कर रहा है। साफ कर इसे। बालक डाँट खाकर सहम गया।

दूसरे ही क्षण वह अपनी बनियान से वह कार के शीशे को जिसे उसने थोड़ी देर पहले कुछ लिखकर गंदा कर दिया था साफ करने लगा। कार के शीशे फिर से चमकने लगे। उसने शीशे पर लिखा था भारत माता की जय

(राजस्थान पत्रिका  में प्रकाशित)


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