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ISSN 2292-9754

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10.07.2014


आवास

या तो
समुद्र की लहरों पर
हो
मेरा बसेरा
कभी सोऊँ नहीं

या
सोती रहूँ
तेरे विशाल वक्षस्थल पर
कभी जागूँ नहीं


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