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04.09.2014

 
परिचय  
  Manoj Kumar Shukla
नाम :

मनोज कुमार शुक्ल मनोज

जन्म : संस्कारधानी जबलपुर म.प्र. में जन्म।
शिक्षा :

जबलपुर विश्वविद्यालय से एम.काम.

व्यवसाय : विजया बैंक में सहायक प्रबंधक से सेवा निवृत।
लेखन : पिता स्व. रामनाथ शुक्ल श्री नाथ से साहित्यिक विरासत एवं प्रेरणा। अपने विद्यार्थी जीवन से ही लेखन के प्रति झुकाव। राष्ट्रीय, सामाजिक एवं मानवीय संवेदनाओं से ओत-प्रोत साहित्य सृजन की अनवरत यात्रा।
प्रकाशन : कहानी संग्रह "क्रांति समर्पण एवं "एक पाव की जिंदगी" एवं काव्य संग्रह "याद तुम्हें मैं आऊॅंगा" के साथ ही 2014 में "संवेदनाओं के स्वर" का प्रकाशन । भविष्य में शीघ्र ही कहानी संग्रह एवं काव्य संग्रह का प्रकाशन।
कहानी, कविता निबंध लेख एवं व्यंग्य विधा में लेखन प्रकाशन।
हिन्दी के प्रचार-प्रसार में अभिरुचि। दैनिक समाचार पत्र दैनिक भास्कर, नवभारत, देशबन्धु, अमुतसंदेश, समवेत शिखर, रौद्रमुखीस्वर, नवीन दुनिया, युगधर्म ,स्वदेश, आदि में प्रकाशन के साथ साथ विजया विकास विजया बैंक, रेवा भारतीय स्टेट बैंक, विवरणी, विवरणिका, रुचिर संस्कार, जर-जर किश्ती, प्राची, विचार वीथी, मोमदीप आदि विभिन्न पत्रिकाओं में प्रकाशन।
प्रसारण : जबलपुर, रीवा आकाशवाणी एवं रायपुर दूरदर्शन से रचनाओं का प्रसारण।
साहित्यिक गतिविधियाँ : जबलपुर, रायपुर, रतलाम, सतना में अपनी सेवा कार्य की अवधि के दौरान साहित्यिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों में लगातार सहभागिता।
सदस्य : आदर्श छात्र मंडल, मिलन, वर्तिका, मंथन, हिन्दी साहित्य मंडल, अनुभूति, वक्ता मंच, रसरंग, पाठक मंच, छत्तीसगढ़ी हिन्दी साहित्य संस्था आदि अनेकों संस्थाओं में सहभागिता।
सम्पर्क : mkshukla48@gmail.com