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ISSN 2292-9754

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04.07.2016


फिर एक बार कहूँ, मुझे प्यार है

फिर एक बार कहूँ
मुझे प्यार है,
और कोई सुने
कुछ उत्तर न दे,
महसूस करता रहे शब्दों को
पूरे दिन, पूरी रात
वर्षों तक, जीवनभर।

मैं कहता रहूँ
उत्तर न आय,
दोहराऊँ नहीं
युगों तक उन्हें, गुथा रहने दूँ।
आँखों के आकाश में
घूमता रहूँ, भटकता जाऊँ
नहीं, नहीं, नहीं सुनता
बँधा रहूँ, कृष्ण-राधा की तरह।

एकबार फिर कह दूँ
कि मुझे प्यार है,
और तुम्हारे संसार को हिला दूँ।
तथा तुम देखते रहो, मधुरता से
और मेरे संसार को हिला दो,
फिर एक बार कहूँ
मुझे प्यार है।


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