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| 09.06.2008 |
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तुमने मुझे याद किया होगा |
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इतने वर्षों के बाद प्रिये आँगन के पेड़ पर बैठी वह सुरमई साँझ की वेला में मस्ती में झूमती पुरवाई जीवन की भागा भागी में मेरी हर धड़कन में आज |
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