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ISSN 2292-9754

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12.24.2015


शिखर पर

लाँघनी पड़ती है
पगडंडी
बग़ैर लहूलुहान पाँवों से
अकेले ही
ख़ूंखार जंगल
दुर्गम पहाड़ियाँ
अँधेरी गुफाएँ
प्राणघाती घाटियाँ
यूँ ही कोई
नहीं पहुँच जाता शिखर पर


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