दिव्या माथुर


कविता

अन्त्येष्टि - कुछ भाव
आँखें
एक बौनी बूँद
कसक
काश
खाटप्रिया
तेरे जाने के बाद
बसंत
बहार
बार्कले स्क्वैयर के सुनहरी पत्ते
बे वो काटा
भँवरा
मलबा
मैं ब्रह्मा हूँ
याद
यादें

चंदन पानी (काव्य संकलन)

प्रतिक्रिया - "चन्दन-पानी"