अन्तरजाल पर साहित्य प्रेमियों की विश्राम स्थली मुख्य पृष्ठ
11.13.2008
 

गुलाब
आशुतोष शर्मा


फूलों का राजा है फूल गुलाब का
सुन्दर, सुगन्ध वाला है फूल गुलाब का।
लाल, सफेद, पीला यह कई रंगों का होता
काँटों की झाड़ियों में यह लगा होता
भीनी-भीनी खुशबू इसकी कर देती मदमस्त
है शान बाग-बगीचों की फूल गुलाब का।
गुलाब शृंगार में सजाया जाता है
गुलाब श्रद्धा सुमन में चढ़ाया जाता है
छोटे-बड़े सबकी पसन्द का है यह फूल
देता प्यार का सन्देश फूल गुलाब का।
गुलकन्द और गुलाब जल इससे ही बनता
गुलाब का इत्र दूर तक है महकता
कुदरत की है कितनी अनमोल यह सौगात
सदियों से खिल रहा है फूल गुलाब का।


अपनी प्रतिक्रिया लेखक को भेजें