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| परिचय | |||||
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| नाम : |
अन्तरा करवडे़ |
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| जन्म : | अन्तरा का जन्म एक संगीतिक परिवार में हुआ है। आपके पिताश्री शास्त्रीय संगीत में डॉक्टरेट है व वॉयलिन वादन के क्षेत्र की ख्यात शख्सियत है। अन्तरा ने स्वरों के स्थान पर शब्दों को अपने कार्यक्षेत्र हेतु चुना है। | ||||
| शिक्षा : | आपने शैक्षणिक क्षेत्र में एम.आई.बी. (मास्टर ऑफ इन्टरनेशनल बिज़नेस) की डिग्री प्राप्त की है। साथ ही शास्त्रीय संगीत में गायन व वॉयलिन में भी डिग्री प्राप्त है। | ||||
| संप्रति : | अन्तरा देश के विभिन्न मुख्य प्रकाशन गृहों के साथ अनुवादक के रूप में जुड़ी है व अंग्रेजी से हिन्दी व मराठी से हिन्दी भाषाओं में अनुवादन का कार्य करती है। | ||||
| प्रकाशन : |
अपनी उम्र के
15वें
वर्ष
से ही
आपने समाचार पत्रों हेतु लेखन आरंभ कर दिया था।
आपने हरियाणा राज्य के प्रतिष्ठित समाचार पत्र के साथ सफलतापूर्वक
दो वर्षों तक एक धार्मिक स्तंभ का संचालन किया।
आपके आलेख विभिन्न प्रसिद्ध पत्र पत्रिकाओं में नियमित रूप से स्थान
पाते है। आपके लेखन के मुख्य
विषय है साहित्यक विधा जिसमें शामिल है कविता,
लघु कथा,
ललित निबंध,
दीर्घ कथा,
स्त्री विषयक,
आध्यात्म,
आत्म विकास,
युवा
विषयक व बाल लेखन। आपकी दो पुस्तकें आ चुकी है जिनमें हिन्दी लघु कथा संग्रह ‘देन उसकी : हमारे लिये’ व अंग्रेजी कविता संग्रह ‘शियर ब्लैसिंग्स’ शामिल है। इंटरनेट के विभिन्न जालघरों पर आपकी कृतियाँ उपस्थित है जिनमें प्रमुख है अनुभूति, अभिव्यक्ति, काव्यालय, हिन्दीनेस्ट, कबीरवेब, ईकथा, बोलोजी आदि। |
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| सम्पादन : | अन्तरा एक धार्मिक पत्रिका ‘त्रैलोक्य’ का संपादन करती है जिसे खासी लोकप्रियता प्राप्त है। | ||||
| सम्पर्क : | |||||